देहरादून। सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक और अभद्र टिप्पणी करने के आरोप में अभिनेत्री उर्मिला सनावर के खिलाफ देहरादून में एक और मुकदमा दर्ज किया गया है। पटेल नगर कोतवाली में एक महिला ने शिकायत दर्ज कराते हुए आरोप लगाया कि उर्मिला सनावर ने सोशल मीडिया पर उसके और मुख्यमंत्री के खिलाफ कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी की। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि उनकी 17 वर्षीय नाबालिग बेटी को लेकर भी आपत्तिजनक टिप्पणी की गई और परिवार को जान से मरवाने की धमकी दी गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, देवऋषि एनक्लेव, देहराखास निवासी महिला ने 12 सितंबर को पटेल नगर कोतवाली में तहरीर दी। शिकायत में महिला ने बताया कि 10 सितंबर को अभिनेत्री उर्मिला सनावर ने फेसबुक पर मुख्यमंत्री के साथ उनकी प्रोफाइल फोटो को लेकर कथित तौर पर अभद्र टिप्पणी की। महिला का आरोप है कि इस दौरान उनका मोबाइल नंबर भी सोशल मीडिया के माध्यम से सार्वजनिक किया गया और उनके खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की गई।
शिकायत के मुताबिक, महिला ने जब सोशल मीडिया पर की गई टिप्पणी का विरोध किया तो कथित तौर पर उर्मिला सनावर की ओर से धमकी भरे अंदाज में जवाब दिया गया। इसके बाद दूसरी फेसबुक आईडी से महिला की 17 वर्षीय नाबालिग बेटी को लेकर भी कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी की गई। महिला का आरोप है कि इन टिप्पणियों से उनकी बेटी को मानसिक आघात पहुंचा।
महिला ने अपनी शिकायत में यह भी आरोप लगाया है कि उर्मिला सनावर की एक मित्र के माध्यम से उन्हें और उनके बच्चों को जान से मरवाने की धमकी दी गई। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अब सोशल मीडिया पोस्ट, कथित टिप्पणियों और धमकी से जुड़े आरोपों की जांच कर रही है।
पटेल नगर कोतवाली प्रभारी नरेश राठौर ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर आईटी एक्ट समेत अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच की जा रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों एवं साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बताया जा रहा है कि उर्मिला सनावर के खिलाफ यह छठा मुकदमा है। इससे पहले देहरादून के नेहरू कॉलोनी थाने में दो, डालनवाला में एक तथा हरिद्वार जिले के बहादराबाद और ज्वालापुर में एक-एक मुकदमा दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। ताजा मामले के बाद उनके खिलाफ दर्ज मुकदमों की संख्या को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है।
पुलिस का कहना है कि वर्तमान मामले में सोशल मीडिया पर की गई कथित टिप्पणियों और शिकायत में लगाए गए अन्य आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। आरोपों के आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया है, जबकि मामले में दोष या आपराधिक जिम्मेदारी का अंतिम निर्धारण जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।


