spot_img

बाल संरक्षण को नई दिशा- देहरादून में बाल गृह व चाइल्ड हेल्पलाइन कार्मिकों का एक दिवसीय प्रशिक्षण

More articles

Vijaya Dimri
Vijaya Dimrihttps://bit.ly/vijayadimri
Editor in Chief of Uttarakhand's popular Hindi news website "Voice of Devbhoomi" (voiceofdevbhoomi.com). Contact voiceofdevbhoomi@gmail.com

जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशन में जिला प्रोबेशन अधिकारी, जिला बाल संरक्षण इकाई देहरादून द्वारा महिला कल्याण विभाग उत्तराखण्ड, किशोर न्याय अधिनियम, 2015 के अंतर्गत संचालित राजकीय, स्वैच्छिक बाल गृहों के कार्मिकों तथा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 में कार्यरत कार्मिकों का एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई। इस दौरान जिला प्रोबेशन अधिकारी महिला कल्याण विभाग मीना बिष्ट, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ वंदना सेमवाल, उप मुख्य परिवीक्षा अधिकारी महिला कल्याण राजीव नयन, अध्यक्ष बाल कल्याण समिति देहरादून नमिता ममगई, सुधीर गुलाटी, सुभाष चन्द्र गोयल, श्रद्धानंद बाल विनीता आश्रम के अधिष्टाता ने दीप प्रज्वलित कर कार्यशाला का शुभारंभ किया।

इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य किशोर न्याय अधिनियम 2015 संशोधित 2021 के अंतर्गत पंजीकृत राजकीय, स्वैच्छिक बाल गृहों में निवासरत अनाथ, परित्यक्त, निराश्रित, अभ्यर्पित दिव्यांग बच्चों एवं देखरेख व आवश्यकता वाले बच्चों के साथ कर्मियों द्वारा किये जाने वाले व्यवहार, आचरण व नवजात शिशु की देखभाल हेतु समस्त बाल गृहों के कार्मिकों व चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के कर्मियों को प्रशिक्षित करना था।

प्रशिक्षण कार्यशाला में मास्टर ट्रेनर बाल रोग विशेषज्ञ डॉ मंजू राणा, पीएम माउंटेन चिल्ड्रन फाउंडेशन से सुधीर भट्ट, विधि अधिकारी महिला कल्याण समीक्षा शर्मा, क्लीनिक साइकोलॉजिस्ट पूजा शर्मा, प्रोग्राम प्रबंधक प्रीति उपाध्याय, एस०सी०पी०एस० से प्रशिक्षण में समस्त संस्थाध्यक्ष व कार्मिक जिला बाल संरक्षण इकाई, चाइल्ड हेल्पलाइन के लगभग 120 कार्मिक उपस्थित रहे।

-Advertisement-

-Advertisement-
-Advertisement-
Download Appspot_img